भारत में नदी के कितने रूप हैं ?
भारत में हिमालयी और प्रायव्दीपीय नदियां ऐसी दोन रूप हैं। इसमें नब्बे प्रतिशत नदियां बंगाल के खाड़ी मे जा मिलतीं है और शेष नदियां अरब सागर में जा के मिलती हैं। उनकी उत्पत्ति के स्रोत के अनुसार भारतीय नदीयों को हिमालयी नदीयों और प्रायव्दीप नदीयों के रूप मे वर्गीकृत किया गया है। सिंधु, गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र जैसी नदीयों को हिमालयी नदियां है और महानदी, गोदावरी, कृष्णा, कावेरी जैसी नदीयों को प्रायव्दीप नदियां है।
भारत में से शीर्ष 10 सबसे लंबी नदियां
ताप्ती नदी
ताप्ती नदी भारत में दसवें नंबर की सबसे लंबी नदी है और इस नदी की लंबाई 724 किमी है। ताप्ती नदी भारत में मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात से होकर अरब महासागर मे मिल जाती है। यह नदी प्रायव्दीप रूप मे एक नदी है और ये भारत में पूर्व दिशा से पश्चिम दिशा की ओर बहती है। ताप्ती नदी मेलघाट मे से बहती है और यह नदी मेलघाट के जंगल में वन्यजीवों को और प्राणियों की समृद्धि करती है।
कावेरी
कावेरी नदी भारत मे सबसे नदी मे से नौवें नंबर की नदी है इस नदी की लंबाई 800 किमी है। कावेरी नदी कर्नाटक के कोडागु जिले तालकवेरी मे पश्चिम घाट की तलहटी से निकलती है। कावेरी नदी कर्नाटक और तमिलनाडु यह दोनों राज्य से बहती है। यह नदी तमिलनाडु की सबसे बड़ी नदी है और यह नदी दक्षिण पुर्व दिशा में बहती है।
महानदी
महानदी भारत में सबसे बड़ी लंबी नदीयों मे आठवें नंबर की नदी है और इस नदी की लंबाई 890 किमी है। यह नदी छत्तीसगढ़ के सिहावा पहाडों में निकलती है और ओडीसा से होकर बहती है। दुनिया का सबसे बड़ा मिट्टी का हिराकुंंड बांध का निर्माण किया गया है। हिराकुंड बांध का जलाशय एशिया सबसे लंबा जलाशय है।
ब्रह्मपुत्र
ब्रह्मपुत्र नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में सातवें नंबर की नदी है। ब्रह्मपुत्र नदी भारत की प्रमुख नदीयों में एक है और यह नदी हिमालयी नदी है। इसकी उत्पत्ति तिब्बत में एगंसी ग्लेशियर में हई है। इसकी लंबाई 916 किमी है। यह नदी भारत में अरूणाचल प्रदेश के रास्ते प्रवेश करती है।
ब्रह्मपुत्र नदी को आसाम की जीवन रेखा में जाना जाता है।
सिंधु
सिंधु नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में से
छंटे नंबर की नदी है। सिंधु नदी की कुल लंबाई 3180 किमी है मगर भारत में इसकी लंबाई 1114 किमी है। सिंधू नदी प्रााचीन सिंधु सभ्यताओं जन्मस्थान है और इस नदी को ऐतिहासिक महत्व है।
इस नदी मानसरोवर झील से निकलती है।
यह नदी लद्दाख, गिलगित में बहती है। सिंधु नदी का पानी इस्तेमाल के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु जलसंधी मे भारत को 20 प्रतिशत उपयोग करने की अनुुमति देेेता है।
कृष्णा
कृष्णा नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में
पांच नंबर की नदी है और इस नदी की लंबाई 1300 किमी है। कृष्णा नदी की उत्पत्ति महाराष्ट्र के महाबलेश्वर के पास पश्चिम घाट से हुई है। यह नदी भारत की प्रायव्दीप नदीयों में से एक है। कृृष्णा नदी महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्रप्रदेश ये राज्यों से बहती है और अंंत मे आंंध्रप्रदेश मे बंगाल के खााड़ी में मिल जाती है।
नर्मदा
नर्मदा नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में चौथी नंबर की नदी है। इस नदी की लंबाई 1312 किमी है और इसकी उत्पत्ति मध्यप्रदेश में अमरकंटक पर्वत हुई है । यह नदी प्रायव्दीप रूप मे एक नदी है और भारत की पश्चिम दिशा बहने वाली नदी है। यह नदी भारत की सात प्रवित्र नदी में से एक है। इसका उल्लेख प्राचीन ऐतिहासिक लिपी किया हुआ है और यह नदी अंत में गुजरात में अरब सागर में मिल जाती है।
यमुना
यमुना नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में से तिसरे नंबर की नदी है। इस नदी की उत्पत्ति उत्तराखंड में उत्तरकाशी में बन्दरपूंछ चोटी पर यमुनोत्री ग्लेशियर मे हुई है। यमुना नदी हिमालयी नदीयों में से एक नदी है। यह नदी दिल्ली,हिमाचल प्रदेश, हरियाणा,उत्तरप्रदेश से गुुुजरती है। यमुना नदी गंगा नदी की सबसे लंबी सहायक नदी है। इस नदी की लंबाई 1376 किमी है।
गोदावरी
गोदावरी नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में दूसरे नंबर की नदी है। यह नदी भारत हिंदू धर्मग्रंथों मे पूूजनीय नदी है और इसकी लंबाई 1464 किमी है। गोदावरी नदी दक्षिण भारत की सबसे लंबी नदी है और इसे दक्षिण भारत की गंगा कहा जाता है। गोदावरी नदी प्रायव्दीप रूप मे एक नदी है और यह नदी पश्चिम दिशा से पूर्व दिशा की ओर बहती है। यह नदी की उत्पत्ति महाराष्ट्र के नासिक मे त्र्ययंबकेश्ववर हुई है। यह नदी महाराष्ट्र से निकलकर छत्तीसगढ़, तेलंगाना, आंध्रप्रदेश राज्यों में से गुजरती हैं और अंत में आंध्रप्रदेश में विलीन हो जाती है।
गंगा नदी
गंगा नदी भारत में सबसे लंबी नदीयों में पहले नंबर की नदी है। यह नदी हिंंदूओ के लिए प्रवित्र नदी है और इस नदी की लंबाई 2525 किमी है। गंगा नदी देेवी के रूप में पूूजा जाती है । यह नदी हिमालयी नदीयों में से एक नदी है और इसकी उत्पत्ति उत्तराखंड के गंगोत्री ग्लेशियर से निकलकर बंगाल के खाड़ी मे विलीन हो जाती है। भारत में यह नदी एक चौथाई इलाके में बहती है इसीलिए इस नदी को भारत की जीवन वाहीनी के कहा जाता है। यह नदी भारत की सबसे लंबी है और दुनिया की तीसरी नंबर की सबसे लंबी है। यह नदी भारत के उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल से बहती है और अंत में बांग्लादेेश मे बहती है।
